
29 मार्च 2026:-अनीता ब्यूरो चीफ की कलम से
मेरा नाम सुजीत सिंह है। मैं पूरे होश-हवास में यह नोट लिख रहा हूँ। निगम एंटरप्राइजेज और C&I के साहब की वजह से मैं सुसाइड करने जा रहा हूँ। इन सभी लोगों ने मुझे बहुत परेशान कर दिया है, खासकर C&I के साहब #कौशिक भट्टाचार्य, अनिल सिंह, धीर सिंह चौहान, विजय रोशन सिंह अंबू और निगम एंटरप्राइजेज के साइड इंचार्ज #परवीन सिंह।
इन लोगों ने मुझसे बिना किसी गलती के एक-एक व्यक्ति से माफी मंगवाई और मेरे स्वाभिमान को पैरों तले कुचल दिया। उसमें भी इनका मन नहीं भरा, तो मुझसे लिखित में माफी मंगवाई। उसके बाद भी मुझे ड्यूटी से निकाल दिया, मेरा मेडिकल रोक दिया और मेरा गेट पास भी नहीं बनाया।
मेरे घर की हालत बहुत खराब होती जा रही है। मैं मानसिक रूप से परेशान हो गया हूँ और घर की समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। मैं कर्ज में डूबता जा रहा हूँ। ऊपर से मेरे स्वाभिमान को भी इन लोगों ने कुचल दिया।
मैं एक लेबर हूँ तो क्या मेरी कोई इज्जत नहीं है? क्या मेरा कोई स्वाभिमान नहीं है? मेरी गलती क्या है? मुझे क्यों निकाला गया है? ये लोग पैसे लेकर लोगों को भर्ती कर रहे हैं, लगभग 1,50,000 रुपये लेकर। मेरे पास नौकरी नहीं है, मुझे निकालकर ये लोग अपनी जेब भर रहे हैं।
परवीन सिंह, कौशिक भट्टाचार्य, अनिल सिंह, धीर सिंह चौहान और विजय रोशन सिंह अंबू — अब मेरे पास सुसाइड के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।
क्या श्रम कानूनों की खुलेआम धज्जियां नहीं उड़ाया जा रहा है इनके द्वारा…. यदि कोई श्रमिक अपने शोषण के लिए आवाज उठायेगा तो उसे बाहर का रास्ता दिखाया जाता है NTPC के अधिकारियों द्वारा ।
फिलहाल सुजीत सिंह की हालत स्थिर बताई जा रही है आरोपों आगे अभी जांच जारी है।


















