
अनिल ब्यूरो चीफ की रिपोर्ट पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बड़ा प्रशासनिक फैसला चर्चा का विषय बन गया है। भाजपा सांसद Raju Bista ने सोशल मीडिया के माध्यम से दावा किया है कि राज्य सरकार ने गैर-सांविधिक निकायों, बोर्डों, संगठनों और सार्वजनिक उपक्रमों में नियुक्त सभी मनोनीत सदस्यों, निदेशकों और अध्यक्षों के कार्यकाल को तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का निर्णय लिया है।
इसके साथ ही, 60 वर्ष की सामान्य सेवानिवृत्ति आयु के बाद सेवा विस्तार या पुनर्नियुक्ति पर कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों की सेवाएं भी समाप्त किए जाने की बात कही गई है। सांसद राजू बिस्ता के अनुसार, इस फैसले का असर राज्य के विभिन्न विकास प्राधिकरणों, शिक्षा बोर्डों, स्कूल सेवा आयोगों, कॉलेज सेवा आयोगों और नगर निकायों में नियुक्त सदस्यों पर पड़ेगा।



















