October 29, 2026 8:35 am

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आज एक बिटिया आकांक्षा चतुर्वेदी ने जिसने नीट का एग्जाम दिया था मानसिक तनाव में आकर आत्महत्या कर लिया उसने अपने सुसाइड नोट में लिखा कि जो नीट का पहली बार पेपर हुआ था उसका अच्छा पेपर था अब पता नहीं दूसरी बार पेपर कैसा होगा

43 साल की उम्र में मां बनी महिला, लेकिन समाज के डर ने मानवता को ही कचरे में फेंक दिया! गुजरात के सूरत से आई यह खबर कई सवाल छोड़ जाती है। एक महिला ने नवजात शिशु को प्लास्टिक की थैली में डालकर कचरे के ढेर में

ये पीली साड़ी वाली जितनी सुंदर है उतने ही काले कारनामे है इसके…! इसका नाम सरिता यादव है जो सैफई मेडिकल यूनिवर्सिटी में काम करती थी! और इसको कम समय में अमीर बनने का शौक था…! इसी लिए इसने एक अमीर घर के लड़के को निशाना बनाया,

असद ने कक्षा 11 के छात्र अपने दोस्त सूर्या प्रताप को अपने घर ईद पार्टी पर बुलाया। वहाँ बातों-बातों में उससे पूछा -” बकरे को ह_LaaL होते देखा है कभी ?” सूर्या – “नहीं यार।” असद- “आजा, दिखाते हैं कैसे होता है।” सूर्या- “नहीं नहीं! मुझे नहीं देखना।”

सभी वर्ग जिनकी लड़कियाँ नासिक में लव जिहाद का शिकार हुई है सब चमार, महार ओर वाल्मीकि वर्ग की लड़कियाँ है ; 1 लड़की ब्राह्मण है ;; ये सब लड़कियाँ उन घरों से है जहां एक ही लड़की है ओर मकान मुस्लिम दामाद को ही जाता अगर पुलिस न पकड़ती