October 26, 2026 3:08 am

“जंतर-मंतर पर सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम: अमित शाह ने संभाली सीधी कमान, 20,000 CRPF जवान तैनात”

Sushil shanker vig editor in chief report A major administrative and security development has taken place in the national capital ahead of the planned demonstration at Jantar Mantar. In a decisive move to maintain public order and avoid disruption to daily civic life, the Ministry of Home Affairs has deployed 20,000 Central Reserve Police Force (CRPF) personnel across key locations in New Delhi, taking direct administrative charge of the security perimeter.

Following the recent leadership developments and subsequent demands from organizers regarding previous assurances, authorities have significantly upgraded security measures around Jantar Mantar, Parliament Street, and surrounding transit points. Multi-layered barricading, Rapid Action Units, and 24/7 surveillance systems have been activated to ensure smooth traffic movement and prevent unauthorized gatherings in sensitive zones.

Key Highlights of This Analysis:

Massive Security Mobilization: Over 20,000 CRPF personnel deployed across Jantar Mantar and central Delhi transit routes.

Direct Administrative Charge: Central authorities take command to enforce strict law and order protocols.

Multi-Layered Security Grid: Deployment of Rapid Action units, water cannons, and multi-tier barricading at key access points.

Capital-Wide Surveillance: 24/7 monitoring through high-definition camera networks and border checking points.

Strategic Assessment: Detailed breakdown of how this unprecedented deployment impacts governance, internal security, and civic stability.

This comprehensive analysis breaks down the strategic shift from standard municipal policing to paramilitary deployment, the operational blueprint prepared by central authorities, and what this critical step means for governance, internal stability, and public order in the capital.

 

Leave a Comment

हमने गलत प्रोफेशन (पत्रकारिता) चुन लिया. कभी-कभी लगता है जैसे ख़ुद को बर्बाद कर रहे हैं. हमारे फैमिली स्टेटस के हिसाब से यह सही नहीं है. क्षेत्रीय मुद्दों पर पत्रकारिता करने में न पैसा है न इज्जत. ऊपर से बदनामी मुफ़्त में मिलती है. पहले तो इस बात को रत्ती भर भी नहीं मानते थे, सोचते थे पैसे का क्या ही क

बॉलीवुड इंडस्ट्री इस समय पंजाबी सिंगर दलेर मेहंदी के सपोर्ट में खड़ी नजर आ रही है। इसी के साथ ही मीका सिंह ने अपने भाई के साथ हुए अपमान पर गुस्सा नजर है। इसी बीच वेटरन फोल्क सिंगर- एक्ट्रेस इला अरुण ने भी दलेर के सपोर्ट में सामने आई है और इवेंट ऑर्गनाइजर्स को जमकर फटकार लगाई है।

बेटियों, खुद को पहचान लेना – एक पिता तुल्य लेखक का आह्वान इश्क के मीठे जाल में कभी भटक मत जाना, पल भर की चमक के लिए अपने संस्कार भूल मत जाना। जो आज कहे तुम ही मेरी दुनिया हो, कल मुकर जाएगा, ऐसे झूठे सवेरे में अपनी शाम मत गँवाना। आज की इस पावन सुबह में मेरी कलम उन समस्त युवा

Srimad Bhagabat Gita is very useful Grantha. There are 4 main characters in it. Dhurta Rashtra,the very name signifies who snatched away Rashtra. He didn’t become king as he was handicapped of blind. But he was temporarily was in charge of kingdom in the absence of his younger brother Pandu.He should have returned the kingdom when Yudhistir became major but he didn’t. Sanjaya, sarathi of the king..His very name signifies who is above Mayaa and hatred. The 3rd character is Arjuna a brave hero who is famous for his valor and best arrow man. The 4 th one is Bhagaban Krishna who became sarathi of Arjuna in Mahabharata war is above Mayaa. The place was Kurukshetra situuated between the sacred Saraswati &Brushadvati river. It’s length and breadth are 5 Yojna .It’s to the south of Ambala &north of Delhi. The place is very sacred and called Dharmaksetra as the place is famous for Deva Jajana and Mukti sadhana of all Bhutas.That means Gods like Agni, Indraji &Brahmaji made their Tapashya there. The king Kuru himself made rigorous austerity there. The Jiva who dies there goes directly to Baikuntha and thus gets salvation.

सौरव दास और आशुतोष रांका की मुश्किलें जारी, क्राइम ब्रांच ने भेजा समन, आज ही होना होगा पेश दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने सौरव दास और आशुतोष रांका को समन भेजा है. दोनों को अपना बयान दर्ज कराने के लिए आज दोपहर 12 बजे राजौरी गार्डन स्थित क्राइम ब्रांच l

सात दिन तक जेल काटने के बाद सौरव दास और आशुतोष रांका को एसईएम कोर्ट के समक्ष पेश करने पर उन्होेंने लिखित आश्वासन देकर कहा कि वे आगे शांति भंग करने वाला कोई भी काम नहीं करेंगे। न्यायपालिका और विशेष कार्यपालक मजिस्ट्रेट न्यायालय पर उनका पूर्ण विश्वास है।

दलेर मेहंदी के कार्यक्रम को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। उत्तराखंड के मंत्री सुबोध उनियाल ने दावा किया था कि कार्यक्रम के लिए 35 लाख रुपये दिए गए थे। अब मीका सिंह ने मंत्री से सवाल पूछा है कि यह भुगतान कैश में किया गया था या चेक से?

इसकी लिगल हेड से जब पुछा गया कोर्ट के अंनदर सौलव दास के माता पिता नाम मेनशन करो तो ना इसकी लिगल हेड सौरव दास के पिता का नाम बता पाई और ना खुद सौरव दास ने अपने पिता का नाम बताया। फिर डॉक्यूमेंटेशन

गुजरात के सूरत में नवरात्रि के जश्न के बीच इंसानियत और कर्तव्य की एक ऐसी मिसाल देखने को मिली जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। क्या है पूरा मामला? सूरत के माथे हॉस्पिटल – हाई रिस्क प्रेग्नेंसी सेंटर की डॉ. कल्पना सवानी नवरात्रि के पहले दिन गरबा ग्राउंड में चनिया-चोली पहनकर गरबा खेल रही थीं। अभी पहला राउंड पूरा ही हुआ थ

उत्तराखंड के टिहरी जिले के नरेंद्र नगर में कुंजापुरी मेले के दौरान पंजाबी गायक दलेर मेहंदी के लाइव शो में हंगामा हो गया। कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल गायक के प्रदर्शन पर नाराज हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि इतनी रकम देकर बुलाने के बावजूद मिक्सर के जरिए आवाज निकाली जा रही है।

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेता सौरभ दास और आशुतोष रांका से जुड़े मामले में नया मोड़ आया है। दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, जंतर-मंतर पर कथित अनधिकृत प्रवेश से जुड़े मामले की जांच अब क्राइम ब्रांच को सौंप दी गई है। इसी बीच विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट अदालत ने दोनों नेताओं की न्यायिक हिरासत दो दिन के लिए और बढ़ा दी है। दरअसल, जंतर-मंतर को विरोध प्रदर्शन स्थलों की सूची से हटाए जाने के बाद सौरभ दास और आशुतोष रांका पर वहां कथित तौर पर बिना अनुमति प्रवेश करने का आरोप लगा था। बताया गया कि दोनों एक बंद गेट फांदकर अंदर दाखिल हुए थे। इसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया था। 13 अक्टूबर को दोनों को पांच दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था।

जब एक तस्वीर खबरों से भी तेज़ी से दुनिया भर में फैल जाती है! JNU की PhD स्कॉलर और AISA की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा हाल ही में छात्र सभाओं की कुछ तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद काफी चर्चा में हैं। अब एक क्रिएटिव एडिट सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर किया जा रहा है, जिसमें न्यूयॉर्क के मशहूर टाइम्स स्क्वायर की बड़ी-बड़ी स्क्रीन पर

राजश्री शांताराम ने एक समय अपनी मासूम मुस्कान और शानदार स्क्रीन प्रेजेंस से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया था। 1960 के दशक में, वह शम्मी कपूर के साथ ब्रह्मचारी (1968) में दिखाई दीं, जिन्हें “दिल के झरोखे में” जैसे गानों के लिए याद किया जाता है। फिल्ममेकर वी. शांताराम और एक्ट्रेस जयश्री की बेटी, उन्होंने गीत गाया पत्थरों ने, जानवर और अराउंड द वर्ल्ड में भी काम किया।

ACP की शिकायत करने वाली लड़की पर ACP की तरफ से SC/ST का मुकद्दमा दर्ज करवाया वो भी इतने दिन बाद! इससे पहले, पत्रकार रोज़ी ने ACP विवेक भगत के ख़िलाफ़ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न की शिकायत दर्ज कराई थी जिसकी जांच जारी है। यह मामला क्राइम ब्रांच को सौंप दिया गया था, और भगत ने खुद ही अपने DCP प्रमोशन को टाल दिया था।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राजनीतिक विरोध करने का मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि किसी बाहरी या विदेशी व्यक्ति को भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था, उसकी संप्रभुता या देश के प्रधानमंत्री पर सवाल उठाने की खुली छूट दे दी जाए। AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक विरोधी रहे हैं और आगे भी रहेंगे,

दिल्ली में नेहा बोरा के भाषण के बीच हंगामा! प्रेस क्लब में CJP और AISA की संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान नेहा बोरा SIR और वोटर लिस्ट विवाद पर बोल रही थीं, तभी नारेबाजी शुरू हो गई। ‘बंद करो’ और ‘दफा हो जाओ’ के नारों