एक साथ उठीं 7 अर्थियां और पीछे छूट गया रोता-बिलखता पूरा खानदान! भिवानी की जगत कॉलोनी में रहने वाली 55 साल की आशा मिड्ढा को क्या पता था कि जिस मायके के साथ वो बांके बिहारी के दर पर खुशियां मनाने जा रही हैं, वही सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा। भिवानी के मशहूर जगदंबा ढाबा चलाने वाले परिवार की ये कहानी आज हर किसी की आंखें नम कर रही है। #VrindavanNews #
रश्मी ब्यूरो चीफ की कलम से एक साथ उठीं 7 अर्थियां और पीछे छूट गया रोता-बिलखता पूरा खानदान! भिवानी की जगत कॉलोनी में रहने वाली 55 साल की आशा मिड्ढा को क्या पता था कि जिस मायके के साथ वो बांके बिहारी के दर पर खुशियां मनाने जा रही हैं, वही सफर उनकी जिंदगी का … Read more
